
हाईकोर्ट से जमानत के बाद 11 साल बाद जेल से बाहर आएंगे संत रामपाल

चंडीगढ़ |
बड़ी राहत: हाईकोर्ट ने दी जमानत
सतलोक आश्रम के प्रमुख संत रामपाल को पंजाब एवं हरियाणा हाईकोर्ट से बड़ी राहत मिली है। हत्या सहित अन्य मामलों में सजा काट रहे रामपाल को अदालत ने जमानत प्रदान कर दी है। इस फैसले के बाद उनकी रिहाई का रास्ता साफ हो गया है।
11 साल से ज्यादा समय से जेल में थे बंद
जेल प्रशासन के अनुसार, संत रामपाल करीब 11 साल, 4 महीने और 20 दिन से हिसार की सेंट्रल जेल-2 में बंद हैं। अब जमानत मिलने के बाद कानूनी प्रक्रिया पूरी होने पर उनकी रिहाई संभव है।
रिहाई की प्रक्रिया क्या होगी?
हाईकोर्ट के आदेश के बाद जमानत से जुड़ी फाइल संबंधित निचली अदालत में पहुंचेगी। वहां बॉन्ड भरने और अन्य औपचारिकताएं पूरी की जाएंगी। इसके बाद रिलीज ऑर्डर जारी होते ही रामपाल को जेल से रिहा कर दिया जाएगा।
करौंथा आश्रम विवाद: 2006 से जुड़ा मामला
पूरा मामला साल 2006 का है, जब रोहतक के करौंथा आश्रम में संत रामपाल के समर्थकों और आर्य समाज के लोगों के बीच हिंसक झड़प हुई थी। इस घटना में एक युवक की मौत हो गई थी, जिसके बाद मामला गंभीर हो गया।
2014 में हुई थी गिरफ्तारी
संत रामपाल को 19 नवंबर 2014 को हिसार के बरवाला स्थित सतलोक आश्रम से गिरफ्तार किया गया था। उस दौरान पुलिस और समर्थकों के बीच टकराव हुआ, जिसमें कई लोगों की जान गई थी। यह घटना देशभर में चर्चा का विषय बनी थी।
आगे क्या?
अब सभी कानूनी प्रक्रियाएं पूरी होने के बाद संत रामपाल की रिहाई तय मानी जा रही है। इस मामले पर आगे की कार्रवाई और शर्तों को लेकर स्थिति स्पष्ट होने का इंतजार किया जा रहा है।
करीब एक दशक से ज्यादा समय तक जेल में रहने के बाद संत रामपाल को मिली जमानत ने इस बहुचर्चित मामले को एक नया मोड़ दे दिया है। अब सबकी नजर उनकी रिहाई और आगे की कानूनी प्रक्रिया पर टिकी हुई है।




