
11 साल बाद जेल से बाहर आए संत रामपाल जी महाराज, हाईकोर्ट से मिली जमानत पर रिहाई
2014 के सतलोक आश्रम प्रकरण में बड़ी कानूनी राहत, सख्त शर्तों के साथ बाहर आए रामपाल
खबर
करीब एक दशक से अधिक समय तक जेल में रहने के बाद Sant Rampal Ji Maharaj को आखिरकार जमानत मिल गई है और अब वे जेल से बाहर आ चुके हैं। उनकी रिहाई हरियाणा की हिसार जेल से हुई, जहां वे वर्ष 2014 से बंद थे।
पंजाब एवं हरियाणा हाईकोर्ट ने लंबित मामलों में सुनवाई के दौरान उन्हें राहत देते हुए जमानत मंजूर की। इसके साथ ही उनकी रिहाई का रास्ता साफ हो गया। अदालत ने यह भी स्पष्ट किया है कि यह अंतिम फैसला नहीं है, बल्कि मामले की सुनवाई आगे भी जारी रहेगी।
रामपाल की रिहाई के दौरान जेल के बाहर सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए गए थे। उनके समर्थकों की मौजूदगी को देखते हुए प्रशासन सतर्क रहा। रिहाई के बाद वे अपने परिजनों के साथ रवाना हो गए।
कोर्ट की शर्तें
जमानत देते समय अदालत ने कुछ अहम शर्तें भी लगाई हैं।
किसी भी प्रकार की भीड़ या सभा आयोजित नहीं करेंगे
कानून-व्यवस्था को प्रभावित करने वाली गतिविधियों से दूर रहेंगे
अदालत की अनुमति के बिना सार्वजनिक कार्यक्रमों में भाग नहीं लेंगे
यदि इन शर्तों का उल्लंघन होता है तो जमानत रद्द की जा सकती है।
पूरा मामला क्या है
साल 2014 में हरियाणा के Barwala स्थित सतलोक आश्रम में प्रशासन और समर्थकों के बीच टकराव हुआ था। इस दौरान हिंसा भड़क गई थी, जिसमें कई लोगों की मौत हुई थी। इसके बाद पुलिस ने कार्रवाई करते हुए रामपाल को गिरफ्तार किया था।
बाद में वर्ष 2018 में अदालत ने उन्हें हत्या समेत अन्य गंभीर मामलों में दोषी मानते हुए उम्रकैद की सजा सुनाई थी। तभी से वे जेल में बंद थे।
निष्कर्ष
अब स्थिति यह है कि संत रामपाल जी महाराज जेल से बाहर आ चुके हैं, लेकिन यह स्थायी राहत नहीं है। वे फिलहाल जमानत पर रिहा हुए हैं और आगे अदालत के फैसले पर ही उनके भविष्य की स्थिति निर्भर करेगी।




