
लखनऊ में किसान यूनियन का अल्टीमेटम, 15 दिन में समस्याएं हल नहीं हुईं तो होगा बड़ा आंदोलन
गांवों में सड़क, पानी, जलनिकासी और अवैध कब्जों की समस्या को लेकर जिलाधिकारी को सौंपा ज्ञापन
लखनऊ:
भारतीय किसान यूनियन धरतीपुत्र ने जनहित और किसान हित से जुड़ी विभिन्न समस्याओं को लेकर जिलाधिकारी लखनऊ को विस्तृत ज्ञापन सौंपा है। संगठन ने स्पष्ट चेतावनी दी है कि यदि 15 दिन के भीतर समस्याओं का समाधान नहीं किया गया तो व्यापक स्तर पर जनआंदोलन किया जाएगा।
संगठन के पदाधिकारियों के अनुसार जनपद के ग्राम जेहटा, सैथा, दशहरी, मीरखेड़ा और टाड़खेड़ा समेत कई गांवों में मूलभूत सुविधाओं का गंभीर अभाव है। ग्रामीण लंबे समय से जर्जर सड़कों, जलभराव, पेयजल संकट, अवैध कब्जों, स्ट्रीट लाइट की कमी और खराब नाली व पुलिया जैसी समस्याओं से जूझ रहे हैं।
ज्ञापन में प्रमुख रूप से ग्राम जेहटा और सैथा में सड़क और नाली निर्माण, मीरखेड़ा में सरकारी जमीन से अवैध कब्जा हटाने, टाड़खेड़ा में जलनिकासी व्यवस्था सुधारने और बुद्धेश्वर क्षेत्र में चोरी के मामले में लंबित कार्रवाई को जल्द पूरा करने की मांग उठाई गई। इसके अलावा विभिन्न गांवों में स्ट्रीट लाइट और पेयजल व्यवस्था दुरुस्त करने की भी मांग की गई है।
संगठन ने थाना बख्शी का तालाब क्षेत्र में हुए विवाद में निष्पक्ष कार्रवाई और दूसरे पक्ष की एफआईआर दर्ज करने की मांग की है। साथ ही हयात नगर में लंबित नपाई कार्य को तत्काल पूरा कराने की बात भी कही गई है।
भारतीय किसान यूनियन धरतीपुत्र ने प्रशासन को 15 दिन का समय देते हुए कहा कि यदि तय समय सीमा में समस्याओं का समाधान नहीं हुआ तो संगठन धरना-प्रदर्शन और बड़े जनआंदोलन के लिए बाध्य होगा, जिसकी जिम्मेदारी शासन-प्रशासन की होगी।
इस दौरान संगठन के राष्ट्रीय अध्यक्ष दिनेश यादव, प्रदेश अध्यक्ष रफीक लंबू, प्रदेश उपाध्यक्ष निजाम गाजी, जिला अध्यक्ष लखनऊ नागेंद्र प्रताप सिंह, मंडल अध्यक्ष वसीम अंसारी, महिला सभा की जिला उपाध्यक्ष विजय लक्ष्मी, युवा मोर्चा के जिला उपाध्यक्ष सचिन यादव सहित सैकड़ों किसान मौजूद रहे। सभी ने एकजुट होकर अपनी आवाज बुलंद की।
संगठन ने कहा कि किसानों और आम जनता के अधिकारों के लिए संघर्ष लगातार जारी रहेगा और किसी भी प्रकार की अनदेखी बर्दाश्त नहीं की जाएगी।




