कांच-चूड़ी उद्योग का डीएम ने किया औचक निरीक्षण, श्रमिकों से संवाद कर दिए जरूरी निर्देश
मातेश्वरी और मित्तल ग्लास वर्क्स का दौरा, स्वच्छ पेयजल, विश्राम और श्रमिक सुविधाएं सुनिश्चित करने के निर्देश

कांच-चूड़ी उद्योग का डीएम ने किया औचक निरीक्षण, श्रमिकों से संवाद कर दिए जरूरी निर्देश
मातेश्वरी और मित्तल ग्लास वर्क्स का दौरा, स्वच्छ पेयजल, विश्राम और श्रमिक सुविधाएं सुनिश्चित करने के निर्देश
फिरोजाबाद। जिलाधिकारी संतोष कुमार शर्मा ने मुख्य विकास अधिकारी शत्रोहन वैश्य के साथ जिले के कांच एवं चूड़ी उद्योगों का निरीक्षण कर श्रमिकों की कार्य परिस्थितियों और औद्योगिक व्यवस्थाओं का जायजा लिया। निरीक्षण के दौरान उन्होंने श्रमिकों से सीधे संवाद कर उनकी समस्याएं सुनीं और कारखाना प्रबंधन को श्रमिकों के स्वास्थ्य एवं सुरक्षा से जुड़ी मूलभूत सुविधाएं हर हाल में उपलब्ध कराने के निर्देश दिए।

जिलाधिकारी सबसे पहले मातेश्वरी ग्लास वर्क्स पहुंचे, जहां उन्होंने चूड़ी निर्माण में लगे श्रमिकों के कार्य को करीब से देखा। भीषण गर्मी और अत्यधिक तापमान के बीच काम कर रहे मजदूरों के परिश्रम की सराहना करते हुए उन्होंने कहा कि इतनी कठिन परिस्थितियों में भी श्रमिक पूरी निष्ठा और लगन से कार्य कर रहे हैं, जो सभी के लिए प्रेरणादायक है।
निरीक्षण के दौरान श्रमिकों ने बताया कि वे प्रतिदिन लगभग आठ घंटे कार्य करते हैं। इस पर जिलाधिकारी ने कारखाना प्रबंधन को निर्देशित किया कि सभी श्रमिकों के लिए स्वच्छ पेयजल की पर्याप्त व्यवस्था सुनिश्चित की जाए तथा लगातार कार्य के बीच आवश्यक विश्राम का समय भी दिया जाए, ताकि गर्मी और थकान से उनके स्वास्थ्य पर प्रतिकूल प्रभाव न पड़े।
इसके बाद जिलाधिकारी मित्तल ग्लास पहुंचे, जहां उन्होंने श्रमिकों के कौशल और कार्यकुशलता की प्रशंसा की। उन्होंने कहा कि कांच उद्योग की असली ताकत यहां काम करने वाले कुशल श्रमिक हैं। कारखाना संचालकों को निर्देश देते हुए उन्होंने कहा कि श्रमिकों की सुरक्षा, स्वास्थ्य और मानवीय सुविधाओं को सर्वोच्च प्राथमिकता दी जाए तथा गर्मी के मौसम को देखते हुए कारखाने के भीतर सभी आवश्यक व्यवस्थाएं दुरुस्त रखी जाएं।
जिलाधिकारी ने स्पष्ट किया कि श्रमिकों का स्वास्थ्य और सुरक्षा प्रशासन की प्राथमिकता है और सभी औद्योगिक इकाइयों को श्रम कानूनों एवं सुरक्षा मानकों का पूरी तरह पालन करना होगा।




