
लखीमपुर खीरी में 331 विस्थापित हिंदू परिवारों को भूमिधरी अधिकार, ₹417 करोड़ की परियोजनाओं का लोकार्पण-शिलान्यास
डबल इंजन सरकार का दावा—हर हाथ को काम, हर नागरिक को अधिकार; सीएम-युवा योजना के लाभार्थियों को ऋण वितरण
लखीमपुर खीरी (उत्तर प्रदेश):
जनपद लखीमपुर खीरी में आज एक बड़े सरकारी कार्यक्रम का आयोजन किया गया, जिसमें बांग्लादेश से विस्थापित 331 हिंदू परिवारों को संक्रमणीय/असंक्रमणीय भूमिधरी अधिकार पत्र वितरित किए गए। इस पहल को लंबे समय से विस्थापित परिवारों को स्थायी पहचान और अधिकार देने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।

कार्यक्रम के दौरान ₹417 करोड़ से अधिक लागत की विभिन्न जन-कल्याणकारी परियोजनाओं का लोकार्पण और शिलान्यास भी किया गया। इन परियोजनाओं में बुनियादी ढांचे के विकास, सड़क, आवास, और अन्य सार्वजनिक सुविधाओं से जुड़ी योजनाएं शामिल हैं, जिनसे क्षेत्र के समग्र विकास को गति मिलने की उम्मीद है।
सरकार की ओर से यह भी बताया गया कि “हर हाथ को काम, हर नागरिक को अधिकार और हर परिवार को सम्मान” देने के लक्ष्य के साथ डबल इंजन सरकार लगातार काम कर रही है। इसी क्रम में मुख्यमंत्री युवा उद्यमी विकास अभियान (सीएम-युवा) के तहत चयनित लाभार्थियों को ऋण स्वीकृति पत्र (चेक) भी वितरित किए गए, ताकि युवा स्वरोजगार की दिशा में आगे बढ़ सकें।
इस मौके पर अधिकारियों और जनप्रतिनिधियों ने कहा कि विस्थापित परिवारों को भूमि अधिकार देने से उन्हें सामाजिक और आर्थिक सुरक्षा मिलेगी, साथ ही वे मुख्यधारा से जुड़ सकेंगे।
कार्यक्रम के अंत में सभी लाभार्थियों और जनपदवासियों को बधाई देते हुए सरकार ने विकास और विरासत की इस यात्रा को निरंतर आगे बढ़ाने का संकल्प दोहराया।
मुख्य बिंदु (Key Points):
331 विस्थापित हिंदू परिवारों को भूमिधरी अधिकार पत्र वितरण
₹417 करोड़ से अधिक की परियोजनाओं का लोकार्पण/शिलान्यास
सीएम-युवा योजना के तहत युवाओं को ऋण वितरण
बुनियादी ढांचे और रोजगार को बढ़ावा देने पर जोर




