फिरोजाबाद में कोचिंग से लौट रही 11वीं की छात्रा की अचानक मौत, सड़क पर गिरी और अस्पताल में तोड़ा दम
गांधी पार्क के पास हुई घटना से मचा हड़कंप, चिकित्सकों ने साइलेंट हार्ट अटैक की आशंका जताई; परिजनों ने नहीं कराया पोस्टमार्टम

फिरोजाबाद में कोचिंग से लौट रही 11वीं की छात्रा की अचानक मौत, सड़क पर गिरी और अस्पताल में तोड़ा दम

गांधी पार्क के पास हुई घटना से मचा हड़कंप, चिकित्सकों ने साइलेंट हार्ट अटैक की आशंका जताई; परिजनों ने नहीं कराया पोस्टमार्टम

फिरोजाबाद।
शहर के आर्यनगर क्षेत्र में शुक्रवार दोपहर एक दर्दनाक घटना सामने आई। कोचिंग से पढ़ाई कर लौट रही 11वीं कक्षा की छात्रा अचानक सड़क पर अचेत होकर गिर पड़ी। आसपास मौजूद लोगों और उसकी सहेलियों ने तत्काल मदद की और उसे सरकारी ट्रॉमा सेंटर पहुंचाया, जहां चिकित्सकों ने उसे मृत घोषित कर दिया। प्रारंभिक तौर पर चिकित्सकों ने साइलेंट हार्ट अटैक की आशंका जताई है। हालांकि, पोस्टमार्टम न होने के कारण मृत्यु के वास्तविक कारण की आधिकारिक पुष्टि नहीं हो सकी है।

कोचिंग से निकलने के कुछ ही मिनट बाद बिगड़ी तबीयत
जानकारी के अनुसार थाना बसई मोहम्मदपुर क्षेत्र के शंकरपुर मोहल्ला निवासी संजय कुमार, जो एक कंपोजिट विद्यालय में सहायक अध्यापक हैं, उनकी 16 वर्षीय बेटी दीपमाला उर्फ डिंपल कक्षा 11 की छात्रा थी। वह इंजीनियरिंग की तैयारी के लिए आर्यनगर स्थित एक कोचिंग संस्थान में पढ़ाई कर रही थी।
शुक्रवार सुबह वह अपने चचेरे भाई आयुष के साथ एक्टिवा से कोचिंग पहुंची थी। दोपहर करीब साढ़े 11 बजे कोचिंग समाप्त होने के बाद वह अपनी सहेली के साथ गांधी पार्क की ओर जा रही थी। इसी दौरान रास्ते में अचानक उसकी तबीयत बिगड़ गई और वह सड़क पर गिरकर अचेत हो गई।
अस्पताल पहुंचते ही चिकित्सकों ने किया मृत घोषित
घटना देखकर आसपास मौजूद छात्र-छात्राओं और राहगीरों ने पहले इसे गर्मी या चक्कर आने की सामान्य घटना समझा, लेकिन जब छात्रा की कोई प्रतिक्रिया नहीं मिली तो तुरंत कोचिंग संचालकों को सूचना दी गई। इसके बाद उसे सरकारी ट्रॉमा सेंटर ले जाया गया, जहां चिकित्सकों ने जांच के बाद मृत घोषित कर दिया।
पुलिस ने क्या कहा
थाना उत्तर पुलिस के अनुसार छात्रा के रास्ते में गिरकर मृत्यु होने की सूचना मिली थी। परिजनों ने किसी प्रकार की कानूनी कार्रवाई या पोस्टमार्टम कराने की इच्छा नहीं जताई। चिकित्सकों द्वारा साइलेंट हार्ट अटैक की आशंका व्यक्त की गई है, लेकिन पोस्टमार्टम नहीं होने से मृत्यु का कारण चिकित्सकीय रूप से प्रमाणित नहीं हो सका।
पढ़ाई में अव्वल, बड़े सपनों के साथ कर रही थी तैयारी
परिजनों के अनुसार दीपमाला पढ़ाई में बेहद मेधावी थी और अपनी कक्षा में हमेशा उत्कृष्ट प्रदर्शन करती थी। वह इंजीनियर बनने का सपना देख रही थी और इसी उद्देश्य से कोचिंग कर रही थी। परिवार ने बताया कि उसके कमरे में कई महान व्यक्तित्वों और सफल लोगों की तस्वीरें लगी थीं। वह अक्सर कहती थी कि एक दिन वह भी अपनी मेहनत के दम पर बड़ी सफलता हासिल करेगी।
एक होनहार छात्रा की असमय विदाई
दीपमाला की अचानक हुई मौत से परिवार, रिश्तेदारों और क्षेत्र के लोगों में गहरा शोक है। उसकी असमय मौत ने सभी को स्तब्ध कर दिया है और पूरे इलाके में घटना चर्चा का विषय बनी हुई है।




