
आंगनवाड़ी चयन और मातृ वंदना योजना में लापरवाही पर डीएम सख्त, एक सप्ताह में मांगी प्रगति रिपोर्ट
चयन प्रक्रिया में पारदर्शिता के निर्देश, मातृ वंदना योजना में सुस्ती पर अधिकारियों को अंतिम चेतावनी; कोटला और शिकोहाबाद के सीडीपीओ के खिलाफ प्रतिकूल प्रविष्टि की कार्रवाई के निर्देश
फिरोजाबाद। जनकल्याणकारी योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन को लेकर जिलाधिकारी संतोष कुमार शर्मा ने अधिकारियों को कड़ी चेतावनी दी है। कलेक्ट्रेट सभागार में आयोजित जिला परिषद समिति की बैठक में विभिन्न योजनाओं की समीक्षा के दौरान कार्यों में लापरवाही पाए जाने पर उन्होंने संबंधित अधिकारियों को फटकार लगाते हुए समयबद्ध कार्रवाई के निर्देश दिए।
बैठक में जिलाधिकारी ने आंगनवाड़ी कार्यकर्ताओं एवं सहायिकाओं के रिक्त पदों पर चयन प्रक्रिया में हो रही देरी पर नाराजगी जताई। उन्होंने स्पष्ट निर्देश दिए कि चयन पूरी पारदर्शिता और शासन की निर्धारित प्रक्रिया के अनुरूप शीघ्र पूरा कराया जाए, ताकि रिक्त पदों पर नियुक्ति में अनावश्यक विलंब न हो।
समीक्षा के दौरान प्रधानमंत्री मातृ वंदना योजना में आवेदन भरवाने की धीमी प्रगति पर भी जिलाधिकारी ने असंतोष व्यक्त किया। उन्होंने संबंधित सुपरवाइजर्स को अंतिम चेतावनी देते हुए कहा कि योजना के लाभ से कोई भी पात्र महिला वंचित नहीं रहनी चाहिए और कार्य में किसी प्रकार की लापरवाही स्वीकार नहीं की जाएगी।
जिलाधिकारी ने सभी बाल विकास परियोजना अधिकारियों (सीडीपीओ) को स्वयं ग्रामीण क्षेत्रों में जाकर प्रधानमंत्री मातृ वंदना योजना के आवेदन भरवाने की व्यवस्था सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। वहीं कोटला और शिकोहाबाद क्षेत्र के सीडीपीओ द्वारा कार्य में बरती गई लापरवाही पर उनके विरुद्ध प्रतिकूल प्रविष्टि दर्ज किए जाने के निर्देश भी दिए।
बैठक के समापन पर जिलाधिकारी ने सभी संबंधित अधिकारियों को निर्देशित किया कि एक सप्ताह के भीतर निर्धारित कार्यों की प्रगति रिपोर्ट तैयार कर मुख्य विकास अधिकारी शत्रोहन वैश्य को प्रस्तुत करें। उन्होंने कहा कि योजनाओं के क्रियान्वयन में लापरवाही पाए जाने पर जिम्मेदार अधिकारियों के विरुद्ध नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।




