
महाराणा प्रताप जयंती पर अखिलेश यादव का बड़ा ऐलान, बोले— “नई चेतना जगाने का समय”

लखनऊ में आयोजित प्रेस कॉन्फ्रेंस में समाजवादी पार्टी प्रमुख ने महाराणा प्रताप को बताया साहस और स्वाभिमान का प्रतीक, सरकार पर भी साधा निशाना
लखनऊ। समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष Akhilesh Yadav ने वीर शिरोमणि महाराणा प्रताप जयंती के अवसर पर राजधानी लखनऊ में आयोजित प्रेस कॉन्फ्रेंस में उन्हें श्रद्धांजलि अर्पित करते हुए कई महत्वपूर्ण राजनीतिक घोषणाएं कीं।

अखिलेश यादव ने कहा कि महाराणा प्रताप केवल एक ऐतिहासिक व्यक्तित्व नहीं, बल्कि संघर्ष, स्वाभिमान और स्वतंत्रता की चेतना के प्रतीक हैं। उन्होंने अपने संबोधन में कहा—
“‘महाराणा’ की वही चेतना फिर से अब जगानी है, नई स्वतंत्रता के लिए अब नई कसम उठानी है।”
प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान अखिलेश यादव ने घोषणा की कि समाजवादी पार्टी की सरकार बनने पर महाराणा प्रताप जयंती पर दो दिन का सार्वजनिक अवकाश घोषित किया जाएगा। इसके साथ ही उन्होंने लखनऊ के गोमती रिवर फ्रंट पर चेतक के साथ महाराणा प्रताप की भव्य प्रतिमा स्थापित कराने की बात कही। उन्होंने कहा कि प्रतिमा स्थल को ऐतिहासिक और आकर्षक स्वरूप दिया जाएगा, जहां देश के महापुरुषों को भी सम्मानपूर्वक स्थान मिलेगा।
सपा प्रमुख ने उत्तर प्रदेश की कानून व्यवस्था, महंगाई, स्मार्ट मीटर और चुनावी व्यवस्थाओं को लेकर प्रदेश सरकार पर भी तीखा हमला बोला। उन्होंने आरोप लगाया कि प्रदेश में कानून व्यवस्था लगातार कमजोर हो रही है और आम जनता विभिन्न समस्याओं से जूझ रही है।
प्रेस वार्ता में उन्होंने आगामी 2027 विधानसभा चुनाव को लेकर भी कार्यकर्ताओं में उत्साह भरते हुए कहा कि समाजवादी पार्टी जनता के मुद्दों को लेकर लगातार संघर्ष करेगी और भाजपा सरकार को सत्ता से बाहर करने का काम करेगी।
महाराणा प्रताप जयंती के मौके पर आयोजित इस प्रेस कॉन्फ्रेंस को सपा के सामाजिक और राजनीतिक संदेश के रूप में देखा जा रहा है, जिसमें पार्टी ने राजपूत समाज और युवाओं तक अपने संदेश को पहुंचाने का प्रयास किया।




