कलेक्ट्रेट और सरकारी कार्यालयों में चलेगा विशेष स्वच्छता अभियान
हर महीने दूसरे और चौथे शनिवार को अधिकारी-कर्मचारी करेंगे दो घंटे का श्रमदान

कलेक्ट्रेट और सरकारी कार्यालयों में चलेगा विशेष स्वच्छता अभियान
हर महीने दूसरे और चौथे शनिवार को अधिकारी-कर्मचारी करेंगे दो घंटे का श्रमदान
जनपद में स्वच्छता को स्थायी संस्कार बनाने की दिशा में जिलाधिकारी ने एक अनूठी पहल की है। कलेक्ट्रेट परिसर सहित जनपद के सभी सरकारी कार्यालयों को स्वच्छ, सुंदर और पर्यावरण अनुकूल बनाने के उद्देश्य से विशेष कार्ययोजना लागू की गई है। इसके तहत प्रत्येक माह के दूसरे और चौथे शनिवार को विशेष स्वच्छता अभियान चलाया जाएगा, जिसमें सभी अधिकारी और कर्मचारी स्वेच्छा से अनिवार्य रूप से दो घंटे का श्रमदान करेंगे।
केवल सफाई नहीं, स्थायी स्वच्छता पर रहेगा फोकस
जिलाधिकारी ने कहा कि इस अभियान का उद्देश्य सिर्फ सफाई करना नहीं, बल्कि स्वच्छता को स्थायी रूप से बनाए रखना है। उन्होंने बताया कि पिछले 15 दिनों में जिन स्थानों पर सफाई अभियान चलाया गया था, वहां दोबारा गंदगी न फैले इसके लिए फूलों के पौधे लगाए गए हैं।
गंदगी और कबाड़ वाले स्थानों को किया जा रहा चिन्हित
कलेक्ट्रेट परिसर और जनपद में जहां भी गंदगी या कबाड़ दिखाई दे रहा है, उन स्थानों को चिन्हित कर तेजी से साफ कराया जा रहा है। साफ किए गए स्थानों का उपयोग इस प्रकार किया जाएगा, जिससे वहां भविष्य में दोबारा कचरा जमा न हो सके।
सरकारी भवनों की व्यवस्थाओं की भी होगी समीक्षा
अभियान के दौरान केवल दिखाई देने वाली गंदगी ही नहीं हटाई जाएगी, बल्कि सरकारी भवनों की बुनियादी सुविधाओं और रखरखाव व्यवस्थाओं की भी गहन समीक्षा की जा रही है। जिलाधिकारी ने बताया कि अवसंरचना और संचालन एवं रखरखाव (O&M) से जुड़ी छोटी-मोटी कमियों को चिन्हित कर तत्काल दूर करने के निर्देश दिए गए हैं।
कर्मचारियों और अधिकारियों से की सहयोग की अपील
जिलाधिकारी ने सभी विभागीय अधिकारियों और कर्मचारियों से अपील करते हुए कहा कि इस पाक्षिक अभियान को केवल सरकारी औपचारिकता न समझें, बल्कि इसे नागरिक कर्तव्य के रूप में अपनाएं। उन्होंने उम्मीद जताई कि इस पहल से पूरा जनपद स्वच्छता की नई मिसाल कायम करेगा।
अमृत सरोवर का किया निरीक्षण
जल संरक्षण स्थलों को और अधिक व्यवस्थित बनाने के निर्देश
स्वच्छता अभियान के उपरांत जिलाधिकारी ने जनपद के अमृत सरोवर का निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान उन्होंने संबंधित अधिकारियों को अमृत सरोवर को अधिक सुव्यवस्थित, संगठित और सुंदर बनाने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि अमृत सरोवर केवल जल संचयन का माध्यम नहीं, बल्कि आम जनता के लिए स्वच्छ और आकर्षक स्थल के रूप में विकसित किए जाएं।
इस दौरान अपर जिलाधिकारी न्यायिक अरविंद कुमार द्विवेदी, अपर जिलाधिकारी नमामि गंगे मोहनलाल गुप्ता सहित अन्य जिला स्तरीय अधिकारी उपस्थित रहे।




