सफेद चूड़ी के दाम नहीं बढ़ेंगे, प्रशासन की मौजूदगी में हुआ बड़ा समझौता
जिलाधिकारी के हस्तक्षेप से खत्म हुआ टैंक फर्नेस मालिकों, स्टॉकिस्टों और गोदाम स्वामियों के बीच विवाद

सफेद चूड़ी के दाम नहीं बढ़ेंगे, प्रशासन की मौजूदगी में हुआ बड़ा समझौता
जिलाधिकारी के हस्तक्षेप से खत्म हुआ टैंक फर्नेस मालिकों, स्टॉकिस्टों और गोदाम स्वामियों के बीच विवाद
फिरोजाबाद। जनपद के चूड़ी उद्योग से जुड़ा लंबे समय से चला आ रहा गतिरोध आखिरकार प्रशासनिक हस्तक्षेप के बाद समाप्त हो गया। जिलाधिकारी संतोष कुमार शर्मा के कुशल निर्देशन में आयोजित महत्वपूर्ण बैठक में टैंक फर्नेस (कारखानेदारों), स्टॉकिस्टों और चूड़ी गोदाम मालिकों के बीच सहमति बन गई।
बैठक में प्रशासन की ओर से सिटी मजिस्ट्रेट और सहायक श्रमायुक्त की मौजूदगी में दोनों पक्षों के बीच विस्तृत वार्ता हुई। चर्चा के दौरान जनहित और उद्योग हित को प्राथमिकता देते हुए कई अहम निर्णय लिए गए।
बैठक में सफेद चूड़ी के स्टॉकिस्टों ने जानकारी दी कि वर्तमान में गुणवत्ता के आधार पर 150 से 200 रुपये प्रति तोड़ा की दर से गोदाम स्वामियों को माल उपलब्ध कराया जा रहा है। जिलाधिकारी के सख्त निर्देशों का सम्मान करते हुए स्टॉकिस्ट राजकुमार सहित सभी स्टॉकिस्टों ने सर्वसम्मति से निर्णय लिया कि भविष्य में सफेद चूड़ी के दामों में किसी प्रकार की वृद्धि नहीं की जाएगी।
वहीं टैंक कारखानेदार विनीत मित्तल ने भरोसा दिलाया कि चूड़ी उद्योग की निरंतरता बनाए रखने के लिए सभी कारखाने सुचारू रूप से संचालित होते रहेंगे। साथ ही दुकानदारों से लिखित आश्वासन भी लिया जाएगा कि वे काम बंद नहीं करेंगे, जिससे स्थानीय श्रमिकों के रोजगार पर कोई असर न पड़े।
9 सदस्यीय संयुक्त समिति का होगा गठन
भविष्य में मूल्य नियंत्रण और किसी भी प्रकार के विवाद के समाधान के लिए 9 सदस्यीय संयुक्त समिति गठित करने पर भी सहमति बनी। इस समिति में तीन गोदाम स्वामी, तीन टैंक कारखाना मालिक और तीन स्टॉकिस्ट प्रतिनिधि शामिल होंगे। समिति प्रशासन के समन्वय में चूड़ी के प्रति तोड़ा मूल्य को लेकर भविष्य में निर्णय ले सकेगी।
जिलाधिकारी के हस्तक्षेप और प्रशासनिक पहल के बाद सौहार्दपूर्ण माहौल में यह समझौता सम्पन्न हुआ। बैठक में मौजूद सभी कारखानेदारों, स्टॉकिस्टों और गोदाम मालिकों ने समझौते के प्रस्तावों पर हस्ताक्षर कर अपनी पूर्ण सहमति जताई।




