फिरोजाबाद: 50 लाख से अधिक की परियोजनाओं पर डीएम का सख्त एक्शन, धीमी प्रगति पर आवास विकास परिषद, सेतु निगम समेत कई एजेंसियों को नोटिस के निर्देश
करोड़ों की विकास परियोजनाओं की समीक्षा बैठक में जिलाधिकारी संतोष कुमार शर्मा ने जताई नाराजगी, अगस्त तक प्रमुख कार्य पूरे करने, गुणवत्ता, ड्रेनेज, वृक्षारोपण और रेन वाटर हार्वेस्टिंग सुनिश्चित करने के दिए निर्देश।

फिरोजाबाद: 50 लाख से अधिक की परियोजनाओं पर डीएम का सख्त एक्शन, धीमी प्रगति पर आवास विकास परिषद, सेतु निगम समेत कई एजेंसियों को नोटिस के निर्देश
करोड़ों की विकास परियोजनाओं की समीक्षा बैठक में जिलाधिकारी संतोष कुमार शर्मा ने जताई नाराजगी, अगस्त तक प्रमुख कार्य पूरे करने, गुणवत्ता, ड्रेनेज, वृक्षारोपण और रेन वाटर हार्वेस्टिंग सुनिश्चित करने के दिए निर्देश।
फिरोजाबाद।
जनपद में 50 लाख रुपये से अधिक लागत वाली विकास एवं निर्माण परियोजनाओं की प्रगति की समीक्षा के दौरान जिलाधिकारी संतोष कुमार शर्मा ने धीमी गति से चल रहे कार्यों पर कड़ा रुख अपनाया। कलेक्ट्रेट सभागार में आयोजित बैठक में विभिन्न विभागों एवं कार्यदायी संस्थाओं की परियोजनाओं की भौतिक और वित्तीय प्रगति का बिंदुवार परीक्षण किया गया। कई महत्वपूर्ण परियोजनाओं में कार्य शुरू न होने या बेहद धीमी प्रगति मिलने पर जिलाधिकारी ने संबंधित संस्थाओं को कारण बताओ नोटिस जारी करने के निर्देश दिए।
बैठक में उत्तर प्रदेश आवास एवं विकास परिषद, उत्तर प्रदेश राज्य सेतु निगम, यू.पी. प्रोजेक्ट्स कॉरपोरेशन लिमिटेड तथा उत्तर प्रदेश पुलिस आवास निगम की कई परियोजनाओं की प्रगति पर गंभीर नाराजगी जताई गई।
मुख्यमंत्री मॉडल विद्यालय की प्रगति शून्य
ग्राम करहरा (अरांव/सिरसागंज) में लगभग 24.74 करोड़ रुपये की लागत से बनने वाले मुख्यमंत्री मॉडल कंपोजिट विद्यालय (प्री-प्राइमरी से कक्षा-12) का निर्माण कार्य अब तक शुरू नहीं होने पर जिलाधिकारी ने कड़ी फटकार लगाई। वहीं 14.57 करोड़ रुपये की लागत से जिला शिक्षा एवं प्रशिक्षण संस्थान (डायट) को सेंटर ऑफ एक्सीलेंस के रूप में विकसित करने की परियोजना की प्रगति भी शून्य पाई गई।
फ्लाईओवर परियोजनाओं में भी देरी
118.58 करोड़ रुपये की लागत से प्रस्तावित नगला बरी चौराहे से जाटवपुरी चौराहे होते हुए नैनी ग्लास चौराहे तक बनने वाले दो लेन फ्लाईओवर की प्रगति भी शून्य मिलने पर जिलाधिकारी ने कड़ी आपत्ति जताई। वहीं सुहाग नगर चौराहे से सुभाष चौक (जैन मंदिर) तक फ्लाईओवर निर्माण की प्रगति 68 प्रतिशत मिलने पर शेष कार्यों में तेजी लाने के निर्देश दिए।
वेद उपवन और ग्लास म्यूजियम के कार्य अधूरे
सिरसागंज स्थित श्री ओमकारेश्वर महादेव मंदिर परिसर में 4.38 करोड़ रुपये की लागत से बन रहे वेद उपवन में सोलर पावर प्लांट सहित कई कार्य शुरू नहीं होने पर नाराजगी जताई गई। इसके अलावा 24.27 करोड़ रुपये की लागत वाले ग्लास म्यूजियम निर्माण में ग्लास स्कल्पचर और बाहरी विद्युतीकरण का कार्य भी अधूरा पाया गया।
पुलिस ट्रांजिट हॉस्टल निर्माण में भी सुस्ती
पुलिस लाइन में 10.16 करोड़ रुपये की लागत से बन रहे 50 बेड ट्रांजिट हॉस्टल की वित्तीय प्रगति मात्र 4 प्रतिशत तथा भौतिक प्रगति 8 प्रतिशत मिलने पर संबंधित एजेंसी को कार्य में तेजी लाने की चेतावनी दी गई।
अगस्त तक पूरे हों प्रमुख कार्य
जिलाधिकारी ने निर्देश दिए कि जिन परियोजनाओं का लोकार्पण प्रस्तावित है, उन्हें हर हाल में अगस्त 2026 तक पूर्ण कराया जाए। सभी कार्यदायी संस्थाएं आपसी समन्वय के साथ समयबद्ध और गुणवत्तापूर्ण कार्य सुनिश्चित करें।
गुणवत्ता, ड्रेनेज और पर्यावरण पर विशेष जोर
बैठक में जिलाधिकारी ने स्पष्ट किया कि सभी निर्माण कार्यों में गुणवत्ता से कोई समझौता नहीं किया जाएगा। प्रत्येक परियोजना में स्थायी ड्रेनेज व्यवस्था, अनिवार्य वृक्षारोपण तथा वर्षा जल संचयन (रेन वाटर हार्वेस्टिंग) प्रणाली विकसित करने के निर्देश दिए गए, ताकि भविष्य में जलभराव और भूजल स्तर से जुड़ी समस्याओं का समाधान हो सके।
नियमित निरीक्षण के निर्देश
बैठक के अंत में जिलाधिकारी ने अधिकारियों को नियमित रूप से निर्माण स्थलों का निरीक्षण करने तथा परियोजनाओं को तय समय सीमा में पूरा कराने के निर्देश दिए।
बैठक में मुख्य विकास अधिकारी शत्रोहन वैश्य, मेडिकल कॉलेज के प्राचार्य, अर्थ एवं संख्याधिकारी सहित विभिन्न विभागों के जिला स्तरीय अधिकारी उपस्थित रहे।




